7 तीव्रता के भूकंप से दहला पहाड़ी इलाका, बिजली आपूर्ति ठप; चट्टानें गिरने से राहत एवं बचाव कार्य प्रभावित
तिब्बत, 23 अक्टूबर। तिब्बत के पहाड़ी इलाके में आए शक्तिशाली भूकंप ने भारी तबाही मचाई है। रिक्टर पैमाने पर 7 तीव्रता के इस भूकंप में कम से कम 16 लोगों की मौत हो गई, जबकि 32 अन्य घायल हुए हैं। भूकंप के तेज झटकों से सैकड़ों लोगों के प्रभावित होने और बड़े पैमाने पर संपत्ति को नुकसान पहुंचने की खबर है।
चीनी सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, गुरुवार रात आए भूकंप का केंद्र तिब्बत के नागकू क्षेत्र के बाकेन काउंटी में था। यह इलाका तिब्बत की राजधानी ल्हासा से करीब 400 किलोमीटर उत्तर-पूर्व में स्थित है। भूकंप के बाद स्थानीय प्रशासन ने आपातकाल घोषित करते हुए प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव दल तैनात कर दिए हैं।
339 मकान ध्वस्त, बिजली आपूर्ति बाधित
भूकंप के कारण प्रभावित क्षेत्र में भारी नुकसान हुआ है। स्थानीय रिपोर्टों के मुताबिक, करीब 339 मकान ध्वस्त हो गए हैं और बिजली आपूर्ति बाधित हो गई है। कई स्थानों पर चट्टानें गिरने से सड़कें बंद हो गई हैं, जिससे राहत एवं बचाव दलों को ऊंचाई वाले दुर्गम क्षेत्रों तक पहुंचने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
भूकंप के झटके तिब्बत के क़मदो और न्यिंगची शहरों में भी महसूस किए गए। सोशल मीडिया पर सामने आए कुछ वीडियो में इमारतों को हिलते और लोगों को सुरक्षित स्थानों की ओर भागते हुए दिखाया गया है। हालांकि, इन वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
भूकंपीय खतरे वाले क्षेत्र में फिर बड़ी आपदा
तिब्बत का यह पहाड़ी क्षेत्र भूकंप के लिहाज से संवेदनशील माना जाता है। इससे पहले दिसंबर 2023 में चीन के गांसू प्रांत में 6.2 तीव्रता का भूकंप आया था, जिसमें 120 से अधिक लोगों की मौत हुई थी।
इसके अलावा, हाल ही में तिब्बत और नेपाल के आसपास ग्लेशियर ढहने से आई बाढ़ और भूस्खलन की घटनाओं ने भी बड़े पैमाने पर तबाही मचाई थी। इन घटनाओं में भारी जनहानि और व्यापक नुकसान की खबरें सामने आई थीं।
सूचनाओं पर प्रतिबंध के कारण जानकारी जुटाना चुनौतीपूर्ण
तिब्बत में विदेशी मीडिया की पहुंच पर प्रतिबंध और सूचनाओं पर कड़े नियंत्रण के कारण आपदा से जुड़ी ताजा एवं स्वतंत्र जानकारी प्राप्त करना चुनौतीपूर्ण रहता है। ऐसे में चीनी सरकारी मीडिया की रिपोर्टें घटनाक्रम की जानकारी का प्रमुख स्रोत बनी हुई हैं। फिलहाल, प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव अभियान जारी है। भूकंप से हुए नुकसान और प्रभावित लोगों की स्थिति को लेकर आगे और जानकारी सामने आने की संभावना है।